Ration Card News:भारत सरकार और खाद्य आपूर्ति विभाग ने नए साल २०२६ के अवसर पर राशन कार्ड धारकों (विशेषकर BPL और अंत्योदय लाभार्थियों) के लिए कुछ ऐतिहासिक नियमों की घोषणा की है। इन बदलावों का मुख्य उद्देश्य राशन वितरण में होने वाली चोरी को रोकना और पात्र परिवारों तक अधिक से अधिक लाभ पहुँचाना है। यदि आप भी राशन कार्ड धारक हैं, तो इन ८ नए नियमों को जानना आपके लिए अत्यंत अनिवार्य है।
सरकार ने अब साफ कर दिया है कि जिन राशन कार्ड धारकों ने अभी तक ई-केवायसी (e-KYC) प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उनका नाम लाभार्थी सूची से काट दिया जाएगा। परिवारों के हर सदस्य को अपने नजदीकी डीलर के पास जाकर पॉस (PoS) मशीन पर फिंगरप्रिंट देकर अपना आधार सत्यापन करना होगा। इसकी अंतिम तिथि २८ फरवरी २०२६ तय की गई है।
सबसे बड़ी खुशखबरी यह है कि कई राज्यों ने अब ‘अन्न भाग्य’ जैसी योजनाओं के तहत मुफ्त अनाज के साथ-साथ पात्र परिवारों को ₹१,००० से ₹१,५०० प्रति माह की आर्थिक सहायता सीधे बैंक खाते (DBT) में देने का निर्णय लिया है। यह राशि दाल, तेल और अन्य किराना सामान खरीदने के लिए दी जा रही है।
अक्सर देखा जाता है कि बुजुर्गों या कड़ी मेहनत करने वाले मजदूरों के फिंगरप्रिंट बायोमेट्रिक मशीन पर मैच नहीं होते। इस समस्या के समाधान के लिए २०२६ से ‘फेस रिकग्निशन’ सिस्टम लागू किया गया है। अब लाभार्थी अपने चेहरे के स्कैन के जरिए भी अपना राशन प्राप्त कर सकेंगे।
नई सरकारी नीति के अनुसार, अंत्योदय और बीपीएल कार्ड धारकों को अब साल में दो गैस सिलेंडर मुफ्त दिए जाएंगे। इसकी राशि सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में रिफंड के रूप में जमा की जाएगी। इसके लिए राशन कार्ड का गैस कनेक्शन से लिंक होना अनिवार्य है।
सरकार ने एक विशेष सॉफ्टवेयर लॉन्च किया है जो आयकर दाताओं, सरकारी नौकरी वालों और चार पहिया वाहन मालिकों की पहचान करेगा। ऐसे लोग जो गलत तरीके से बीपीएल राशन का लाभ ले रहे हैं, उनके कार्ड रद्द किए जा रहे हैं और उन पर जुर्माना भी लगाया जा सकता है। अब केवल वही परिवार पात्र होंगे जिनकी वार्षिक आय ₹२ लाख (ग्रामीण) या ₹३ लाख (शहरी) से कम है।
फरवरी २०२६ से राशन की दुकानों पर केवल गेहूं और चावल ही नहीं, बल्कि फोर्टिफाइड चावल (पोषक तत्वों से भरपूर), आयोडाइज्ड नमक और रियायती दरों पर चीनी भी उपलब्ध कराई जाएगी। कुछ राज्यों में मोटे अनाज (मिलेट्स) जैसे बाजरा और रागी की मात्रा भी बढ़ाई गई है।
अब देश का कोई भी नागरिक, चाहे वह किसी भी राज्य का हो, अपने राशन कार्ड से किसी भी शहर की दुकान से अनाज ले सकता है। इसके लिए कोई नया आवेदन करने की जरूरत नहीं है, बस आपका आधार कार्ड लिंक होना चाहिए। यह नियम प्रवासी मजदूरों के लिए वरदान साबित हो रहा है।
अब आपको भौतिक राशन कार्ड लेकर घूमने की जरूरत नहीं है। आप ‘डिजिलॉकर’ या सरकारी ऐप से अपना डिजिटल राशन कार्ड दिखाकर अनाज ले सकते हैं। साथ ही, अब राशन कब आएगा और कितना मिला, इसकी जानकारी आपको सीधे एसएमएस (SMS) के जरिए मिलेगी।
सरकार के इन ८ नए नियमों से राशन प्रणाली में पारदर्शिता आएगी। यदि आपका ई-केवायसी अभी भी अधूरा है, तो इसे तुरंत पूरा करें ताकि आपकी सरकारी सुविधाएं बंद न हों। २०२६ का यह साल राशन कार्ड धारकों के लिए न केवल अनाज, बल्कि आर्थिक सुरक्षा का साल भी साबित होने वाला है।









